बरहरवा रेलवे स्टेशन पर आरपीएफ की बड़ी कार्रवाई।
मानव तस्करी और बाल श्रम की आशंका में चार नाबालिग बालकों को सुरक्षित बचाया गया।

बरहरवा साहिबगंज,। मानव तस्करी, बाल श्रम तथा TOPB सहित अन्य संबंधित अपराधों की रोकथाम को लेकर रेलवे सुरक्षा बल आरपीएफ द्वारा बरहरवा रेलवे स्टेशन पर विशेष संयुक्त छापामारी एवं सघन जांच अभियान चलाया गया। यह अभियान गुरुवार की रात्रि 00:05 बजे आरपीएफ इंस्पेक्टर बरहरवा संजीव कुमार के पर्यवेक्षण में संचालित किया गया।
अभियान में एएसआई अजय कुमार हांसदा, सीटी प्रवीण कुमार आरपीएफ पोस्ट बरहरवा के साथ सीपीडीएस टीम मालदा के सीटी राहुल कुमार, सीटी एस.के. सुमन एवं सीटी रितेश कुमार शामिल थे। संयुक्त टीम द्वारा स्टेशन परिसर, प्रतीक्षालय एवं वेटिंग रूम के आसपास गहन जांच की गई।
जांच के दौरान स्टेशन के प्रतीक्षालय के समीप चार नाबालिग बालक संदिग्ध अवस्था में बिना किसी सामान के घूमते हुए पाए गए। पूछताछ करने पर सभी ने अपनी आयु क्रमशः 16, 16, 15 एवं 16 वर्ष बताई तथा अपना निवास थाना बरहेट, जिला साहिबगंज झारखंड क्षेत्र का बताया।
गहन पूछताछ में बालकों ने स्वीकार किया कि वे अपने परिजनों को बिना सूचना दिए घर से निकलकर बरहरवा रेलवे स्टेशन पहुंचे थे तथा मजदूरी करने के उद्देश्य से कोलकाता जाने की योजना बना रहे थे। नाबालिग होने एवं परिस्थितियों के संदिग्ध पाए जाने पर आरपीएफ टीम ने तत्परता दिखाते हुए सभी बच्चों को सुरक्षित संरक्षण में लिया तथा आगे की कार्रवाई हेतु आरपीएफ पोस्ट बरहरवा लाया गया।
इसके उपरांत आरपीएफ द्वारा बच्चों के अभिभावकों से मोबाइल फोन के माध्यम से संपर्क स्थापित कर घटना की जानकारी दी गई। सभी आवश्यक कानूनी एवं बाल संरक्षण संबंधी प्रक्रियाएं पूर्ण करने के बाद चारों नाबालिग बालकों को मंथन संस्था की प्रतिनिधि आराधना मंडल, अंसु मालाकार तथा चाइल्ड हेल्पलाइन साहिबगंज के प्रतिनिधि मो. इकबाल के सुपुर्द कर दिया गया, ताकि बच्चों को समुचित देखभाल एवं आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
रेलवे सुरक्षा बल ने आम लोगों एवं अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने बच्चों की गतिविधियों पर विशेष निगरानी रखें तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल रेलवे सुरक्षा बल या संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों को दें, ताकि मानव तस्करी एवं बाल श्रम जैसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाई जा सके।


