नशामुक्त समाज के निर्माण हेतु जागरूकता रथ रवाना, 26 जून तक जिलेभर में चलेगा विशेष अभियान।
उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने दिखाई हरी झंडी, युवाओं से नशे से दूर रहकर शिक्षा एवं खेलकूद में सक्रिय भागीदारी की अपील।

पाकुड़। निषिद्ध मादक पदार्थों के दुरुपयोग के विरुद्ध जनजागरूकता बढ़ाने तथा नशामुक्त समाज के निर्माण के उद्देश्य से सोमवार को पाकुड़ समाहरणालय परिसर से विशेष जागरूकता रथों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इस अवसर पर उपायुक्त मेघा भारद्वाज, उप विकास आयुक्त अरविन्द कुमार लाल, अनुमंडल पदाधिकारी साईमन मरांडी, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी प्रीतिलता मुर्मू, जिला आपूर्ति पदाधिकारी कुमार अभिषेक सिंह तथा भूमि सुधार उप समाहर्ता अमित कुमार सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
राज्य सरकार के निर्देशानुसार जिले में 15 जून से 26 जून 2026 तक विशेष नशा मुक्ति जनजागरूकता अभियान संचालित किया जा रहा है। अभियान का मुख्य उद्देश्य आमजनों, विशेषकर युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना तथा नशामुक्त समाज के निर्माण में जनभागीदारी सुनिश्चित करना है।

इस अवसर पर उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने कहा कि नशापान केवल एक व्यक्ति को ही नहीं, बल्कि पूरे परिवार को आर्थिक, सामाजिक एवं मानसिक रूप से प्रभावित करता है। यह एक गंभीर सामाजिक चुनौती है, जो समाज की प्रगति और परिवारों की खुशहाली में बाधक बनती है। उन्होंने कहा कि युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
उपायुक्त ने कहा कि जागरूकता ही नशा मुक्ति का सबसे प्रभावी माध्यम है। इसी उद्देश्य से जिलेभर में विभिन्न जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। अभियान के तहत रवाना किए गए दो विशेष जागरूकता रथ निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार जिले के सभी प्रखंडों, पंचायतों, शहरी क्षेत्रों एवं शैक्षणिक संस्थानों का भ्रमण करेंगे। ये रथ 26 जून तक प्रत्येक पंचायत में पहुंचकर लोगों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करेंगे।
उन्होंने बताया कि वर्तमान में जागरूकता संदेश हिंदी भाषा में प्रसारित किए जा रहे हैं। आगामी दिनों में स्थानीय भाषाओं, विशेषकर बंगाली एवं संथाली में भी संदेशों का प्रसारण किया जाएगा, ताकि अभियान का संदेश अधिक से अधिक लोगों तक प्रभावी ढंग से पहुंच सके।

उपायुक्त ने युवाओं से शिक्षा, खेलकूद तथा अन्य रचनात्मक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान करते हुए कहा कि नशे से दूर रहकर ही स्वस्थ, सशक्त और समृद्ध समाज का निर्माण संभव है। साथ ही उन्होंने सभी नागरिकों से नशा मुक्ति अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप देने तथा अपने परिवार एवं समाज को नशे के दुष्प्रभावों से बचाने में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की।
अभियान के दौरान जागरूकता रथों के माध्यम से प्रचार-प्रसार सामग्री, ऑडियो संदेश, जनसंवाद कार्यक्रम तथा विभिन्न जागरूकता गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। इसके जरिए लोगों को नशे के दुष्परिणामों, स्वास्थ्य संबंधी जोखिमों एवं नशामुक्त जीवन के लाभों की विस्तृत जानकारी दी जाएगी।




