राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान को सफल बनाने की तैयारी तेज, अर्बन टास्क फोर्स की बैठक संपन्न।
28 से 30 जून तक चलेगा अभियान, पाकुड़ नगर क्षेत्र के 11,679 बच्चों को पिलाई जाएगी पोलियोरोधी दवा।

पाकुड़। आगामी राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान की सफलता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से नगर परिषद पाकुड़ के सभागार में अर्बन टास्क फोर्स की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता नगर परिषद अध्यक्ष सबरी पाल ने की। बैठक में स्वास्थ्य विभाग, नगर परिषद एवं विभिन्न सहयोगी संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भाग लेकर अभियान की तैयारियों की समीक्षा की तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
बैठक में जानकारी दी गई कि राष्ट्रीय पल्स पोलियो कार्यक्रम 28 जून से 30 जून 2026 तक आयोजित किया जाएगा। इस दौरान जन्म से पांच वर्ष तक आयु के सभी बच्चों को पोलियोरोधी दवा की दो बूंद पिलाई जाएगी। पाकुड़ नगर क्षेत्र में कुल 11,679 बच्चों को दवा पिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिए 66 पोलियो बूथों की स्थापना की गई है तथा अभियान की निगरानी के लिए 13 सुपरवाइजरों की प्रतिनियुक्ति की गई है।

बैठक को संबोधित करते हुए नगर परिषद अध्यक्ष सबरी पाल ने कहा कि राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान की सफलता के लिए नगर परिषद हरसंभव सहयोग प्रदान करेगी। उन्होंने बताया कि सभी वार्ड पार्षद अपने-अपने क्षेत्रों में बूथ दिवस पर बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाकर अभियान का शुभारंभ करेंगे तथा लोगों को अधिक से अधिक संख्या में बूथों तक पहुंचने के लिए प्रेरित करेंगे।
डॉ. सुरेंद्र कुमार मिश्रा ने कहा कि पोलियो उन्मूलन की उपलब्धि को बनाए रखने के लिए प्रत्येक पात्र बच्चे तक पोलियो की दवा पहुंचाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने जन-जागरूकता गतिविधियों को और अधिक प्रभावी बनाने पर जोर देते हुए कहा कि अभियान के दौरान कोई भी बच्चा दवा पीने से वंचित नहीं रहना चाहिए।
कार्यपालक पदाधिकारी अमरेंद्र कुमार चौधरी ने अभियान को महत्वपूर्ण जनस्वास्थ्य कार्यक्रम बताते हुए इसके व्यापक प्रचार-प्रसार पर बल दिया। उन्होंने नगर परिषद के कूड़ा संग्रहण वाहनों एवं अन्य माध्यमों से डोर-टू-डोर जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया, ताकि अधिक से अधिक लोगों तक कार्यक्रम की जानकारी पहुंच सके।

जिला आरसीएच पदाधिकारी डॉ. एस.के. झा ने बताया कि राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान की सभी तैयारियां निर्धारित समय से पूर्व पूरी कर ली जाएंगी। उन्होंने कहा कि वैक्सीनेटरों एवं सुपरवाइजरों का प्रशिक्षण शीघ्र आयोजित किया जाएगा, जिससे अभियान का संचालन प्रभावी एवं सुचारु ढंग से किया जा सके।
उन्होंने यह भी बताया कि जिन क्षेत्रों में वैक्सीनेटरों की कमी है, वहां स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) की दीदियों को वैक्सीनेटर टीम के सदस्य के रूप में जोड़ा जाएगा, ताकि अभियान का दायरा और प्रभाव दोनों बढ़ सके।
बैठक में स्वास्थ्य विभाग एवं नगर परिषद के अधिकारियों ने नगरवासियों से अपील की कि वे अपने पांच वर्ष तक के सभी बच्चों को पोलियोरोधी दवा की दो बूंद अवश्य पिलाएं और पोलियो मुक्त भारत के संकल्प को मजबूत बनाने में सहयोग करें।
बैठक में सिविल सर्जन, कार्यपालक पदाधिकारी, जिला आरसीएच पदाधिकारी, जिला शहरी स्वास्थ्य प्रबंधक, सिटी प्रबंधक, लोक स्वास्थ्य प्रबंधक, पल्स पोलियो कार्यक्रम के सुपरवाइजरों तथा विभिन्न सहयोगी संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।



