दाहूटोला में बाढ़ का कहर: प्रशासन और जनप्रतिनिधियों ने संभाला मोर्चा।
600 बाढ़ प्रभावितों के बीच सूखा राहत सामग्री वितरित, 225 पशुपालकों को मिला पशुचारा; मुख्य सड़क जलमग्न होने से वैकल्पिक मार्ग से आवागमन।

राजमहल साहिबगंज। राजमहल प्रखंड क्षेत्र में बाढ़ की गंभीर स्थिति के बीच मंगलवार की सुबह प्रशासनिक अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों ने दाहूटोला के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का संयुक्त भ्रमण कर जमीनी स्थिति का जायजा लिया। इस दौरान अधिकारियों ने प्रभावित परिवारों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं, आवश्यकताओं तथा राहत कार्यों की स्थिति की जानकारी ली। प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों की टीम ने मौके पर पहुंचकर बाढ़ से उत्पन्न परिस्थितियों का भौतिक निरीक्षण किया और प्रभावित लोगों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने का भरोसा दिलाया।
संयुक्त भ्रमण में अनुमंडल पदाधिकारी सदानंद महतो, विधायक प्रतिनिधि सह नगर पंचायत उपाध्यक्ष मो. मारूफ उर्फ गुड्डू तथा नगर पंचायत अध्यक्ष केताबुद्दीन शेख शामिल रहे। अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों ने दाहूटोला पहुंचकर बाढ़ प्रभावित परिवारों से मुलाकात की तथा उनकी परेशानियों को गंभीरता से सुना।

भ्रमण के दौरान प्रशासनिक अधिकारियों ने पंचायत जनप्रतिनिधियों एवं स्थानीय ग्रामीणों से बातचीत कर बाढ़ की वास्तविक स्थिति की जानकारी ली। प्रभावित लोगों ने बताया कि बाढ़ के कारण दैनिक जीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। कई परिवारों के सामने खाद्य सामग्री की समस्या उत्पन्न हो गई है, जबकि पशुपालकों को अपने मवेशियों के लिए चारे की व्यवस्था करने में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है।ग्रामीणों ने प्रशासन के समक्ष अपनी समस्याएं रखते हुए तत्काल पर्याप्त मात्रा में राहत सामग्री एवं पशुचारा उपलब्ध कराने की मांग की। अधिकारियों ने लोगों को आश्वस्त किया कि बाढ़ की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और आवश्यकता के अनुसार राहत एवं सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
बाढ़ प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत पहुंचाने के उद्देश्य से 600 प्रभावित लोगों के बीच सूखा राहत सामग्री का वितरण किया गया। अनुमंडल पदाधिकारी सदानंद महतो, विधायक प्रतिनिधि सह नगर पंचायत उपाध्यक्ष मो. मारूफ उर्फ गुड्डू एवं नगर पंचायत अध्यक्ष केताबुद्दीन शेख के हाथों राहत सामग्री वितरित की गई।राहत सामग्री मिलने से बाढ़ की मार झेल रहे परिवारों को तत्काल सहायता मिली। प्रभावित लोगों ने प्रशासन की ओर से की गई इस पहल को राहतकारी बताते हुए आगे भी जरूरत के अनुसार सहायता उपलब्ध कराने की मांग की।
बाढ़ के कारण पशुपालकों के सामने उत्पन्न चारे के संकट को देखते हुए प्रशासन की ओर से 225 पशुपालकों के बीच पशुचारा का वितरण भी किया गया। इससे बाढ़ प्रभावित पशुपालकों को अपने मवेशियों के लिए तत्काल चारे की व्यवस्था करने में मदद मिली।प्रशासन की इस पहल से उन परिवारों को विशेष राहत मिली है, जिनकी आजीविका काफी हद तक पशुपालन पर निर्भर है। ग्रामीणों ने भविष्य में भी पर्याप्त मात्रा में पशुचारा उपलब्ध कराने की मांग की।

बाढ़ की गंभीर स्थिति को देखते हुए पंचायत जनप्रतिनिधियों ने अधिकारियों को बताया कि वर्तमान में उपलब्ध राहत सामग्री प्रभावित परिवारों की जरूरत के हिसाब से पर्याप्त नहीं है। उन्होंने अतिरिक्त सूखा राहत सामग्री के साथ-साथ पशुपालकों के लिए और अधिक पशुचारा उपलब्ध कराने की मांग रखी।इस पर अनुमंडल पदाधिकारी सदानंद महतो ने आश्वासन दिया कि प्रभावित क्षेत्र की आवश्यकता का आकलन करते हुए जरूरत के अनुसार अतिरिक्त राहत सामग्री एवं पशुचारा जल्द उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रशासन बाढ़ प्रभावित लोगों की समस्याओं के समाधान के लिए लगातार प्रयासरत है।
बाढ़ के कारण दाहूटोला पंचायत क्षेत्र में आवागमन की समस्या भी गंभीर हो गई है। राजमहल प्रखंड मुख्यालय से दाहूटोला को जोड़ने वाली मुख्य सड़क जलमग्न हो गई है, जिसके कारण इस मार्ग पर सामान्य आवागमन प्रभावित है।फिलहाल स्थानीय लोगों को आवागमन के लिए उधवा के बालूगांव होकर वैकल्पिक मार्ग का सहारा लेना पड़ रहा है। मुख्य सड़क के जलमग्न होने से ग्रामीणों को अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है और दैनिक आवागमन में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
संयुक्त निरीक्षण के दौरान प्रशासनिक अधिकारियों ने प्रभावित क्षेत्र की स्थिति पर लगातार नजर बनाए रखने की बात कही। अधिकारियों ने स्थानीय लोगों को भरोसा दिलाया कि बाढ़ की स्थिति में प्रभावित परिवारों की हरसंभव सहायता की जाएगी तथा आवश्यकता के अनुसार राहत सामग्री, खाद्य सामग्री एवं पशुचारा उपलब्ध कराया जाएगा।प्रशासन की ओर से लोगों से सतर्क रहने और बाढ़ की स्थिति में आवश्यक सावधानी बरतने की अपील भी की गई। अधिकारियों ने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं सहायता कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर जारी रखा जाएगा।
संयुक्त भ्रमण एवं राहत वितरण कार्यक्रम के दौरान राजस्व कर्मचारी ब्रह्मदेव मंडल, मुखिया प्रतिनिधि मो. सत्तार सहित पंचायत के अन्य जनप्रतिनिधि एवं संबंधित कर्मी मौजूद रहे।




