विश्व आदिवासी दिवस से पहले वनाधिकार पट्टा वितरण की तैयारी तेज, उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने दिए समयबद्ध निष्पादन के निर्देश।
03 अगस्त तक जिला स्तरीय समिति से सभी प्रस्तावों के अनुमोदन पर जोर, पात्र लाभुकों को समय पर वनाधिकार पट्टा उपलब्ध कराने का निर्देश।

पाकुड़। समाहरणालय सभागार में उपायुक्त मेघा भारद्वाज की अध्यक्षता में जिला स्तरीय वनाधिकार समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में वनाधिकार अधिनियम, 2006 के तहत पात्र लाभुकों को वनाधिकार पट्टा प्रदान करने की प्रक्रिया की विस्तृत समीक्षा की गई। साथ ही आगामी 09 अगस्त (विश्व आदिवासी दिवस) के अवसर पर आयोजित होने वाले राज्य स्तरीय समारोह की तैयारियों पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में बताया गया कि राज्य सरकार के निर्देशानुसार विश्व आदिवासी दिवस पर राज्य स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसमें मुख्यमंत्री द्वारा पात्र लाभुकों के बीच वनाधिकार पट्टों का वितरण किया जाएगा। इसे ध्यान में रखते हुए उपायुक्त ने सभी संबंधित विभागों एवं समितियों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर सभी आवश्यक प्रक्रियाएं पूर्ण करने का निर्देश दिया।
उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने कहा कि जिन वनाधिकार दावों का निस्तारण अभी लंबित है, उनकी प्रक्रिया में तेजी लाई जाए। उन्होंने निर्देश दिया कि ग्राम वनाधिकार समितियां नियमानुसार प्रस्ताव पारित कर उन्हें शीघ्र अनुमंडल स्तरीय वनाधिकार समिति को भेजें। अनुमंडल स्तर से स्वीकृत प्रस्तावों को समय पर जिला स्तरीय समिति के समक्ष प्रस्तुत किया जाए, ताकि 03 अगस्त को आयोजित होने वाली जिला स्तरीय वनाधिकार समिति की बैठक में उनका अनुमोदन सुनिश्चित किया जा सके।
उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि सभी प्रस्तावों की जांच पूरी पारदर्शिता, निष्पक्षता एवं वनाधिकार अधिनियम के प्रावधानों के अनुरूप की जाए, जिससे पात्र लाभुकों को समय पर वनाधिकार पट्टा उपलब्ध कराया जा सके।

उपायुक्त ने कहा कि वनाधिकार अधिनियम का प्रभावी क्रियान्वयन आदिवासी एवं परंपरागत वनवासी समुदायों के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के साथ-साथ उनके सामाजिक एवं आर्थिक सशक्तीकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को समन्वय के साथ कार्य करते हुए तय समयसीमा के भीतर सभी लंबित मामलों का निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
बैठक में वनाधिकार पट्टा वितरण की तैयारियों, लंबित दावों के निष्पादन, ग्राम, अनुमंडल एवं जिला स्तर पर प्रस्तावों के समयबद्ध अनुमोदन की प्रक्रिया की विस्तार से समीक्षा की गई तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक में परियोजना निदेशक आईटीडीए अरुण कुमार एक्का, हिरणपुर के अंचलाधिकारी मनोज कुमार, वनाधिकार समिति के सदस्य तथा विभिन्न विभागों के संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।




