एसआईआर और MMDR बिल के विरोध में झामुमो ने कसी कमर, 7 सितंबर को प्रखंड मुख्यालयों में होगा धरना।
राजमहल निरीक्षण भवन में राजमहल प्रखंड, नगर एवं उधवा प्रखंड कमिटी की संयुक्त बैठक, गांव-गांव जनजागरण अभियान चलाने का निर्णय।

राजमहल साहिबगंज। राजमहल स्थित निरीक्षण भवन के सभागार में गुरुवार को झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) राजमहल प्रखंड, नगर एवं उधवा प्रखंड कमिटी की संयुक्त बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता झामुमो प्रखंड अध्यक्ष अनिसूर रहमान ने की। इस दौरान जिला उपाध्यक्ष सह पर्यवेक्षक संजीव सामु हेमरम एवं झामुमो युवा मोर्चा के जिला सचिव सह पर्यवेक्षक मो. मारूफ विशेष रूप से उपस्थित रहे।
बैठक में एसआईआर (SIR) एवं MMDR संशोधन विधेयक के विरोध में आगामी आंदोलन की रणनीति पर विस्तृत चर्चा की गई। कार्यकर्ताओं ने गांव-गांव तक जनजागरण अभियान चलाकर आम लोगों को आंदोलन से जोड़ने तथा आगामी 7 सितंबर को सभी प्रखंड मुख्यालयों में आयोजित धरना कार्यक्रम को सफल बनाने का संकल्प लिया।
बैठक को संबोधित करते हुए झामुमो युवा मोर्चा के जिला सचिव सह पर्यवेक्षक मो. मारूफ ने कहा कि बड़ी मुश्किलों और लंबे संघर्ष के बाद दिशोम गुरु शिबू सोरेन के नेतृत्व में अलग झारखंड राज्य का निर्माण हुआ। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र की भाजपा सरकार झारखंड के अधिकारों से राज्यवासियों को वंचित करने तथा राज्य के खनिज संसाधनों पर कब्जा करने की कोशिश कर रही है।
उन्होंने कहा कि यदि आज हम अपने हक और अधिकार की लड़ाई में पीछे रह गए तो आने वाले समय में अपने अधिकारों से वंचित हो जाएंगे। इसलिए केंद्र द्वारा लाए गए खनिज संशोधन विधेयक के विरोध में गांव-गांव जनजागरण अभियान चलाना जरूरी है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से पंचायत एवं बूथ स्तर तक लोगों को आंदोलन से जोड़ने और अपने-अपने क्षेत्रों में विधेयक के खिलाफ व्यापक प्रचार-प्रसार करने की अपील की।
उन्होंने कहा कि 7 सितंबर को सभी प्रखंड मुख्यालयों में धरना दिया जाएगा, जिसमें अधिक से अधिक कार्यकर्ताओं एवं आम लोगों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।

जिला उपाध्यक्ष सह पर्यवेक्षक संजीव सामु हेमरम ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा राज्य और राज्यवासियों के हक-अधिकार को प्रभावित करने वाले खनिज संशोधन जैसे विधेयक लाए जा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि MMDR जैसे विधेयक के माध्यम से केंद्र सरकार पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाने का प्रयास कर रही है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व वाली राज्य सरकार ने हमेशा आदिवासियों और मूलवासियों के अधिकारों की रक्षा तथा उन्हें उनका हक दिलाने के लिए काम किया है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा कि राज्य के अधिकारों की रक्षा के लिए सभी को एकजुट होकर आंदोलन को मजबूत करना होगा।
उन्होंने सभी कार्यकर्ताओं से अपने-अपने प्रखंडों में आयोजित होने वाले धरना कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की।
बैठक में निर्णय लिया गया कि राजमहल प्रखंड एवं राजमहल नगर कमिटी का धरना प्रखंड कार्यालय, राजमहल में, जबकि उधवा प्रखंड कमिटी का धरना उधवा प्रखंड कार्यालय में आयोजित किया जाएगा।
बैठक में केंद्रीय सदस्य एखलाकुर रहमान, राजमहल नगर पंचायत अध्यक्ष केतबुद्दीन शेख, जिला सदस्य बारीक शेख, उधवा प्रखंड अध्यक्ष अयूब अली, राजमहल नगर अध्यक्ष आजाद शेख, उधवा प्रखंड सचिव विश्वजीत मंडल, राजमहल प्रखंड उपाध्यक्ष मुर्शीद राजा, अब्दुल कादिर सहित बड़ी संख्या में झामुमो कार्यकर्ता मौजूद रहे।
बैठक के दौरान नेताओं ने कार्यकर्ताओं से संगठन को बूथ और पंचायत स्तर तक मजबूत करने तथा आगामी आंदोलन में अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने का आह्वान किया।


