बरहरवा रेलवे स्टेशन पर मानव तस्करी की आशंका नाकाम, 3 नाबालिग लड़कियों का सुरक्षित रेस्क्यू।
आरपीएफ इंस्पेक्टर संजीव कुमार के नेतृत्व में अभियान, दिल्ली जाने की फिराक में थीं तीनों बच्चियां।

बरहरवा साहिबगंज। बरहरवा रेलवे स्टेशन पर चलाए गए विशेष सर्च अभियान के दौरान तीन नाबालिग लड़कियों को संदिग्ध अवस्था में घूमते हुए पाया गया, जिन्हें समय रहते सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया गया। यह कार्रवाई रविवार को आरपीएफ इंस्पेक्टर बरहरवा संजीव कुमार के पर्यवेक्षण में की गई।
मानव तस्करी, TOPB एवं अन्य संबंधित अपराधों की रोकथाम के उद्देश्य से चलाए गए इस अभियान में कांस्टेबल अनिल कुमार साह, हेड कांस्टेबल नवीन यादव एवं बाल मंथन संस्थान, बरहरवा की प्रतिनिधि आराधना मंडल शामिल थीं।
अभियान के दौरान प्लेटफॉर्म संख्या-1 स्थित पार्सल ऑफिस के पास तीन नाबालिग लड़कियां बिना किसी सामान के संदिग्ध हालत में इधर-उधर घूमती नजर आईं। पुलिस टीम द्वारा पूछताछ करने पर लड़कियों ने अपनी उम्र क्रमशः 17, 15 और 14 वर्ष बताई। सभी लड़कियां थाना बरहरवा, जिला साहिबगंज झारखंड की निवासी हैं।
पूछताछ में सामने आया कि तीनों लड़कियां दोपहर करीब 3 बजे बिना किसी को बताए घर से निकल गई थीं और दिल्ली जाने की योजना बना रही थीं। उन्होंने बताया कि वे वहां घरेलू कामकाज, विशेष रूप से बच्चों की देखभाल करने के लिए जा रही थीं।
पुलिस द्वारा अभिभावकों से संपर्क करने पर यह पुष्टि हुई कि तीनों लड़कियां दोपहर 3 बजे से ही लापता थीं और उनके मोबाइल फोन भी स्विच ऑफ थे। परिजन लगातार उनकी तलाश कर रहे थे।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तीनों नाबालिगों को बाल मंथन संस्थान की सहायता से अभिरक्षा में लिया गया और आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए आरपीएफ पोस्ट बरहरवा लाया गया। सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करने के बाद, बच्चियों को आगे की कार्रवाई हेतु सुश्री आराधना मंडल बाल मंथन संस्थान, बरहरवा को सुपुर्द कर दिया गया।
पुलिस प्रशासन ने अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने बच्चों पर विशेष नजर रखें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत स्थानीय पुलिस को दें, ताकि मानव तस्करी जैसे गंभीर अपराधों पर समय रहते रोक लगाई जा सके।


