Welcome to Jharkhand Sahibganj News   Click to listen highlighted text! Welcome to Jharkhand Sahibganj News
झारखंड

समाज कल्याण योजनाओं की प्रगति की हुई समीक्षा, लंबित आवेदनों के शीघ्र निष्पादन का निर्देश।

आंगनबाड़ी केंद्रों के नियमित संचालन, को-लोकेशन और आधारभूत सुविधाओं पर विशेष जोर; पीएम मातृ वंदना योजना में 133 प्रतिशत उपलब्धि।

साहिबगंज। समाहरणालय सभागार में उप विकास आयुक्त सतीश चंद्रा की अध्यक्षता में जिला समाज कल्याण विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, पोषण माह, कुपोषण उपचार केंद्र, SAAMAR कार्यक्रम तथा आंगनबाड़ी केंद्रों की आधारभूत सुविधाओं और को-लोकेशन से संबंधित कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई।

सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना की समीक्षा के दौरान बताया गया कि सितंबर 2026 तक विद्यालय स्तर से 27,249 आवेदन पोर्टल पर अग्रसारित किए गए हैं। 38,783 के निर्धारित लक्ष्य के विरुद्ध यह 70.26 प्रतिशत उपलब्धि है। वहीं, सीडीपीओ स्तर से 11,766 आवेदनों का अनुमोदन किया गया है। उप विकास आयुक्त ने लंबित आवेदनों के शीघ्र निष्पादन के निर्देश दिए।

जिले में जर्जर अथवा किराये के भवनों में संचालित 719 आंगनबाड़ी केंद्रों की समीक्षा की गई। इनमें 390 केंद्रों के लिए विद्यालय चिन्हित किए गए हैं, जबकि 35 केंद्रों में कमरा उपलब्ध है और 35 केंद्रों को पूर्ण रूप से शिफ्ट किया जा चुका है। शेष केंद्रों के लिए आवश्यक कार्रवाई जारी है।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के तहत 25 सितंबर 2026 तक 3,940 के लक्ष्य के विरुद्ध 5,255 लाभुकों का नामांकन किया गया है, जो 133 प्रतिशत उपलब्धि है। राजमहल में 162 प्रतिशत, बरहरवा में 161 प्रतिशत तथा उधवा में 170 प्रतिशत उपलब्धि दर्ज की गई। वहीं, पोषण माह के तहत 9 से 25 सितंबर तक 2,300 के लक्ष्य के विरुद्ध 733 लाभुकों का नामांकन हुआ है। संबंधित परियोजनाओं को अभियान में तेजी लाने का निर्देश दिया गया।

जिले के चार कुपोषण उपचार केंद्रों (MTC) में कुल 50 बेड उपलब्ध हैं। अप्रैल से अगस्त 2026 के बीच क्रमशः 68, 46, 43, 37 और 62 बच्चों को भर्ती कर उपचार दिया गया। अगस्त माह में निर्धारित क्षमता के विरुद्ध 124 प्रतिशत बच्चों का उपचार किया गया।

SAAMAR कार्यक्रम के तहत 3,539 के लक्ष्य के विरुद्ध 1,753 बच्चों की वृद्धि निगरानी पूरी की गई है, जो 50 प्रतिशत उपलब्धि है। मंडरो में 83 प्रतिशत, बरहेट में 70 प्रतिशत तथा साहिबगंज प्रखंड में 29 प्रतिशत उपलब्धि दर्ज की गई। SAAMAR-CMAM के तहत 658 बच्चों के लक्ष्य के विरुद्ध 376 बच्चों का फॉलोअप पूरा किया गया है।

बैठक में आंगनबाड़ी केंद्रों के नियमित संचालन की भी समीक्षा हुई। 1 से 24 सितंबर के दौरान 15 दिनों से कम अवधि तक संचालित पाए गए 16 केंद्रों की सूची तैयार की गई है। संबंधित महिला पर्यवेक्षिकाओं को केंद्रों का नियमित संचालन सुनिश्चित करने और सेवाओं की सतत निगरानी करने का निर्देश दिया गया।

पोषण ट्रैकर के अनुसार जिले के 1,771 आंगनबाड़ी केंद्रों में 90.34 प्रतिशत में स्थायी विद्युत, 93.17 प्रतिशत में पेयजल, 81.71 प्रतिशत में क्रियाशील शौचालय तथा 94.92 प्रतिशत में क्रियाशील रसोई की सुविधा उपलब्ध है। बैठक में परियोजना स्तर और पोषण ट्रैकर के आंकड़ों में पाए गए अंतर का सत्यापन कर आवश्यक सुधार एवं आंकड़ों को अद्यतन करने का निर्देश दिया गया।

बैठक में परियोजना निदेशक आईटीडीए-सह-जिला समाज कल्याण पदाधिकारी संजय कुमार दास, सभी सीडीपीओ, महिला पर्यवेक्षिकाएं एवं संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!
Click to listen highlighted text!