दत्तोपंत ठेंगड़ी रोजगार मेले में 145 अभ्यर्थियों का अंतिम चयन, 183 शॉर्टलिस्ट।
बाजार समिति परिसर में आयोजित मेले में 900 युवक-युवतियों ने लिया भाग, उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने किया शुभारंभ; चयनित अभ्यर्थियों के बीच वितरित किए नियुक्ति पत्र।

पाकुड़। युवाओं को रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने एवं उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से श्रम, नियोजन, प्रशिक्षण एवं कौशल विकास विभाग के अंतर्गत जिला नियोजनालय सह मॉडल कैरियर सेंटर, पाकुड़ की ओर से शुक्रवार को बाजार समिति परिसर में एक दिवसीय दत्तोपंत ठेंगड़ी रोजगार मेले का आयोजन किया गया। मेले में विभिन्न नियोजन एजेंसियों ने भाग लिया, जहां आठवीं कक्षा से लेकर स्नातक उत्तीर्ण युवक-युवतियों को रोजगार के अवसरों से जुड़ने का मंच मिला। रोजगार मेले में कुल 900 अभ्यर्थियों ने भाग लिया, जिनमें से 145 का अंतिम रूप से चयन किया गया, जबकि 183 अभ्यर्थियों को शॉर्टलिस्ट किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ उपायुक्त मेघा भारद्वाज, परियोजना निदेशक आईटीडीए अरुण कुमार एक्का, जिला नियोजन पदाधिकारी संतोष कुमार, पणन सचिव संजय कच्छप, आरजेडी जिला सचिव रंजीत कुमार सिंह एवं जिला अध्यक्ष महावीर मड़ैया ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया।

इस अवसर पर उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने अभ्यर्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि निजी क्षेत्र में रोजगार प्राप्त करने के लिए युवाओं का प्रशिक्षित एवं दक्ष होना आवश्यक है। रोजगार मेले के माध्यम से विभिन्न राज्यों से आई नियोजन एजेंसियों द्वारा उपलब्ध रोजगार के अवसरों और नई जॉब प्रोफाइल की जानकारी मिलती है। उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, कंप्यूटर एवं मशीन आधारित तकनीकों के बढ़ते उपयोग से रोजगार के नए क्षेत्र विकसित हो रहे हैं। ऐसे में युवाओं को बदलती औद्योगिक जरूरतों के अनुरूप अपने कौशल और दक्षता का विकास करना चाहिए।
उपायुक्त ने युवाओं से स्थानीय स्तर के साथ-साथ जिले से बाहर उपलब्ध रोजगार के अवसरों का भी लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने कहा कि शुरुआती संघर्षों से निराश होने के बजाय धैर्य, मेहनत और लगन के साथ अपने लक्ष्य की ओर आगे बढ़ें। साथ ही नियोजन विभाग को निर्देश दिया कि चयनित अभ्यर्थियों का नियमित फॉलोअप किया जाए तथा कार्यस्थल पर आने वाली समस्याओं की जानकारी लेकर उनका समाधान सुनिश्चित किया जाए।
परियोजना निदेशक आईटीडीए अरुण कुमार एक्का ने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा युवाओं को रोजगार से जोड़ने के लिए नियमित रूप से रोजगार मेलों का आयोजन किया जा रहा है। इसका उद्देश्य अधिक से अधिक बेरोजगार युवक-युवतियों को रोजगार उपलब्ध कराकर आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने अभ्यर्थियों से अपनी रुचि एवं योग्यता के अनुरूप अवसरों का लाभ उठाने और कार्यस्थल पर पूरी निष्ठा एवं ईमानदारी से काम करने की अपील की।

जिला नियोजन पदाधिकारी संतोष कुमार ने कहा कि रोजगार मेले का मुख्य उद्देश्य युवक-युवतियों को उनकी शैक्षणिक योग्यता एवं अभिरुचि के अनुरूप रोजगार उपलब्ध कराना है। उन्होंने अभ्यर्थियों से विभिन्न नियोजन एजेंसियों के स्टॉल पर जाकर रिक्तियों, योग्यता एवं चयन प्रक्रिया की जानकारी प्राप्त करने तथा अपनी रुचि के अनुसार आवेदन करने की अपील की। वहीं जिला अध्यक्ष महावीर मड़ैया ने जिला प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए युवाओं से रोजगार मेले का अधिकाधिक लाभ उठाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने विभिन्न नियोजन एजेंसियों के स्टॉल का निरीक्षण किया। उन्होंने एजेंसियों के प्रतिनिधियों से उपलब्ध रिक्तियों, शैक्षणिक योग्यता, चयन प्रक्रिया एवं रोजगार की प्रकृति की जानकारी ली। साथ ही अभ्यर्थियों को उनकी योग्यता के अनुरूप रोजगार उपलब्ध कराने पर जोर दिया।
रोजगार मेले के समापन अवसर पर उपायुक्त ने चयनित युवक-युवतियों के बीच नियुक्ति पत्र वितरित किए तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।




