77वें राज्यव्यापी वन महोत्सव पर विधायक निसात आलम ने किया पौधारोपण।
झारखंड विधानसभा परिसर में पर्यावरण संरक्षण और हरियाली विस्तार का दिया संदेश, बोलीं—पेड़-पौधे मानव जीवन के आधार।

बरहरवा रांची। 77वें राज्यव्यापी वन महोत्सव के अवसर पर मंगलवार को झारखंड विधानसभा परिसर, रांची में पाकुड़ विधानसभा क्षेत्र की विधायक निसात आलम ने पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण एवं हरियाली विस्तार का महत्वपूर्ण संदेश दिया। इस दौरान उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में पर्यावरण संरक्षण के लिए अधिक से अधिक पौधारोपण करना बेहद आवश्यक है।
विधायक निसात आलम ने कहा कि पेड़-पौधे मानव जीवन के आधार हैं। पर्यावरण का संतुलन बनाए रखने, जलवायु परिवर्तन के बढ़ते प्रभाव को कम करने तथा आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ, सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण उपलब्ध कराने के लिए व्यापक स्तर पर पौधारोपण किया जाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल और संरक्षण करना भी उतना ही महत्वपूर्ण है।
उन्होंने आम लोगों से अपील करते हुए कहा कि वन महोत्सव को केवल एक दिन पौधारोपण तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए। इसे व्यापक जनभागीदारी का अभियान बनाकर प्रत्येक व्यक्ति को पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभानी चाहिए। ग्रामीण क्षेत्रों से लेकर शहरी इलाकों तक लोगों को प्रकृति और पर्यावरण के संरक्षण के लिए जागरूक होकर आगे आने की आवश्यकता है।
विधायक ने कहा कि आज पर्यावरण संरक्षण समय की सबसे बड़ी आवश्यकताओं में से एक है। यदि वर्तमान पीढ़ी प्रकृति और पर्यावरण की रक्षा के लिए गंभीर प्रयास करेगी, तभी आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ हवा, शुद्ध जल और सुरक्षित प्राकृतिक वातावरण मिल सकेगा।
झारखंड विधानसभा परिसर में आयोजित वन महोत्सव कार्यक्रम के दौरान जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने भी पर्यावरण संरक्षण तथा राज्य में हरित क्षेत्र को बढ़ावा देने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य अधिक से अधिक पौधारोपण को प्रोत्साहित करना और आम लोगों में प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करना रहा।
विधायक निसात आलम के पौधारोपण से वन महोत्सव कार्यक्रम में पर्यावरण संरक्षण, हरियाली विस्तार और प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का प्रभावी संदेश लोगों तक पहुंचा।




