पाकुड़ में आंगनबाड़ी सेविकाओं का जिला स्तरीय क्षमता संवर्धन प्रशिक्षण आयोजित।
प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, पोषण ट्रैकर एवं ऑनलाइन प्रक्रियाओं पर दिया गया विशेष प्रशिक्षण।

पाकुड़। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन तथा आंगनबाड़ी सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से मंगलवार को डीआरडीए सभागार, पाकुड़ में मॉडल आंगनबाड़ी सेविकाओं के लिए जिला स्तरीय क्षमता संवर्धन प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम जिला समाज कल्याण शाखा, पाकुड़ के तत्वावधान में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम में जिले की मॉडल आंगनबाड़ी सेविकाओं एवं संबंधित कर्मियों ने भाग लिया। प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना सहित विभागीय योजनाओं के संचालन, ऑनलाइन पोर्टल प्रविष्टि, आवेदन प्रक्रिया, लाभुक स्वीकृति, भुगतान प्रक्रिया तथा तकनीकी एवं प्रशासनिक पहलुओं की विस्तृत जानकारी प्रदान करना था, ताकि योजनाओं का लाभ पात्र लाभुकों तक समयबद्ध एवं पारदर्शी तरीके से पहुंचाया जा सके।
प्रशिक्षण के दौरान प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के अंतर्गत लंबित मामलों के निष्पादन, लाभुक पंजीकरण, फेस रिकग्निशन सिस्टम, फेस ऑथेंटिकेशन, आधार सीडिंग, डीबीटी इनेबल, एनपीसीआई मैपिंग तथा भुगतान प्रक्रिया से संबंधित महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई।

साथ ही यह निर्देश भी दिया गया कि एएनसी जांच के 30 दिनों के भीतर लाभुकों का पंजीकरण एवं आवश्यक प्रक्रियाएं पूर्ण कर ली जाएं, ताकि उन्हें समय पर योजना का लाभ मिल सके।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में सैम, मैम, पोषण ट्रैकर अंतर्गत दैनिक मॉनिटरिंग, आंगनबाड़ी केंद्रों के आधारभूत संरचना विकास, होम विजिट, टीएचआर वितरण तथा जीएमडी मशीन के उपयोग सहित विभागीय योजनाओं के विभिन्न मॉड्यूल पर विस्तृत प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
मास्टर ट्रेनरों ने योजनाओं के विभिन्न पहलुओं की विस्तार से जानकारी दी तथा प्रतिभागियों की जिज्ञासाओं एवं समस्याओं का समाधान भी किया।

इस अवसर पर उप विकास आयुक्त अरविन्द कुमार लाल ने आंगनबाड़ी सेविकाओं के साथ व्यवहार परिवर्तन संचार से संबंधित विषयों पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने समुदाय स्तर पर जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि आंगनबाड़ी सेविकाएं सरकार और समाज के बीच एक महत्वपूर्ण कड़ी हैं।
उन्होंने कहा कि मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, पोषण एवं बाल विकास संबंधी योजनाओं के सफल क्रियान्वयन में आंगनबाड़ी सेविकाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।
जिला समाज कल्याण पदाधिकारी बसंती ग्लाडिस बाड़ा ने सभी प्रतिभागियों से अपील करते हुए कहा कि प्रशिक्षण में प्राप्त जानकारी को अपने-अपने कार्यक्षेत्र में प्रभावी रूप से लागू करें तथा अन्य आंगनबाड़ी सेविकाओं के साथ भी साझा करें, ताकि योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र लाभुक तक समय पर एवं पारदर्शी तरीके से पहुंच सके।

प्रशिक्षण कार्यक्रम में उप विकास आयुक्त अरविन्द कुमार लाल, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी बसंती ग्लाडिस बाड़ा सहित विभाग के अन्य पदाधिकारी एवं संबंधित कर्मी उपस्थित थे।




