झारखंड

साहिबगंज में TEJAS जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन।

युवाओं, विद्यार्थियों और उभरते उद्यमियों को स्टार्टअप, नवाचार, वित्तीय सहयोग एवं बाजार से जुड़ाव के अवसरों की दी गई जानकारी।

साहिबगंज। जिले में उद्यमिता, नवाचार एवं स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देने के उद्देश्य से सिद्धो-कान्हू सभागार में TEJAS (Transforming Entrepreneurial Journeys Across States & Districts) जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का आयोजन उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT), स्टार्टअप इंडिया, झारखंड सरकार एवं JIIDCO के संयुक्त तत्वावधान में किया गया।

कार्यक्रम का उद्घाटन उप विकास आयुक्त सतीश चंद्रा, जिला सूचना एवं विज्ञान पदाधिकारी उमेश कुमार, जिला नियोजन पदाधिकारी मनोज मनजीत, महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र राजेंद्र प्रसाद, EODB प्रबंधक चंद्रशेखर शर्मा, साहिबगंज महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. रंजीत सिंह, चैंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष राजेश अग्रवाल एवं आईटीआई कॉलेज के प्रभारी प्राचार्य ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया।

कार्यशाला को संबोधित करते हुए उप विकास आयुक्त सतीश चंद्रा ने कहा कि युवाओं में नए विचारों और नवाचार की कोई कमी नहीं है। आवश्यकता है कि इन विचारों को उचित मार्गदर्शन, प्रशिक्षण, संसाधन और अवसर उपलब्ध कराकर व्यावहारिक उद्यम में बदला जाए। उन्होंने युवाओं से स्टार्टअप एवं उद्यमिता से संबंधित सरकारी योजनाओं और नीतियों का लाभ उठाने की अपील की।

उन्होंने कहा कि युवा स्वरोजगार के माध्यम से स्वयं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करने के साथ-साथ अन्य लोगों को भी रोजगार उपलब्ध करा सकते हैं।

कार्यशाला में TEJAS पहल, स्टार्टअप इंडिया तथा उद्यमिता पारिस्थितिकी तंत्र से जुड़े विभिन्न विषयों पर विशेषज्ञों ने जानकारी दी। प्रतिभागियों को व्यवसायिक विचार विकसित करने, स्टार्टअप शुरू करने, नवाचार को बढ़ावा देने और उद्यम को आगे बढ़ाने के साथ-साथ सरकारी सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया से अवगत कराया गया।

विशेषज्ञों ने मेंटोरशिप, क्षमता निर्माण, इन्क्यूबेशन, वित्तीय सहयोग, नेटवर्किंग और बाजार से जुड़ाव जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर मार्गदर्शन दिया। उद्यम शुरू करने के दौरान आने वाली चुनौतियों और उपलब्ध संस्थागत सहयोग पर भी चर्चा की गई।

कार्यशाला के दौरान युवाओं एवं उभरते उद्यमियों ने स्टार्टअप, वित्तीय सहायता, प्रशिक्षण, बाजार, मेंटरशिप और अन्य सहयोग से संबंधित प्रश्न पूछे। विशेषज्ञों एवं संबंधित पदाधिकारियों ने उनकी जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराई।

कार्यशाला का उद्देश्य जिले के युवाओं, विद्यार्थियों, महिला उद्यमियों, नवोन्मेषकों, कारीगरों एवं उभरते उद्यमियों को विशेषज्ञों और उद्यमिता से जुड़े हितधारकों से जोड़ना रहा। इसके माध्यम से स्थानीय प्रतिभाओं, पारंपरिक कौशल और नए व्यावसायिक विचारों को प्रोत्साहित कर युवाओं को स्वरोजगार एवं उद्यमिता के अवसरों से जोड़ने पर जोर दिया गया।

TEJAS पहल को जिले में उद्यमिता के अनुकूल वातावरण तैयार करने तथा युवाओं को प्रशिक्षण, मार्गदर्शन, वित्तीय सहयोग और बाजार से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया गया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
Click to listen highlighted text!
error: Content is protected !!