पोषण माह के समापन पर विशनपुर आंगनवाड़ी केंद्र में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित।
गोदभराई और अन्नप्राशन के माध्यम से दिया पोषण का संदेश, पांच किशोरियों की माताओं के बीच बांटी गईं बेबी किट।

साहिबगंज। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को बेहतर बनाने, कुपोषण की रोकथाम तथा बच्चों के सर्वांगीण विकास के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से जिला समाज कल्याण पदाधिकारी, साहिबगंज के निर्देशानुसार तालझारी प्रखंड के विशनपुर आंगनवाड़ी केंद्र में पोषण माह के समापन अवसर पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। “हमारी आंगनवाड़ी, हमारी जिम्मेदारी” थीम पर आयोजित इस कार्यक्रम में गर्भवती महिलाओं, माताओं, किशोरियों और ग्रामीणों को संतुलित आहार, स्वास्थ्य, स्वच्छता तथा प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा (ECCE) के महत्व की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के दौरान पारंपरिक गोदभराई और अन्नप्राशन की रस्में आयोजित की गईं। साथ ही पांच किशोरियों की माताओं के बीच बेबी किट का वितरण किया गया।

गोदभराई कार्यक्रम के माध्यम से गर्भवती महिलाओं को पौष्टिक एवं संतुलित आहार, नियमित स्वास्थ्य जांच और गर्भावस्था के दौरान उचित देखभाल के महत्व के बारे में बताया गया। वहीं, अन्नप्राशन के माध्यम से शिशुओं को उम्र के अनुरूप पूरक आहार देने, स्तनपान जारी रखने तथा बच्चों की पोषण संबंधी जरूरतों का ध्यान रखने का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम में बताया गया कि जीवन के शुरुआती वर्षों में उचित पोषण, स्वच्छता और स्नेहपूर्ण देखभाल बच्चों के शारीरिक एवं मानसिक विकास के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
कार्यक्रम के दौरान पांच किशोरियों की माताओं के बीच बेबी किट वितरित की गईं। इसके साथ ही महिलाओं को मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य की नियमित निगरानी, साफ-सफाई अपनाने तथा जरूरत पड़ने पर स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया गया। उपस्थित लोगों को सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं एवं सुविधाओं की जानकारी देकर पात्र लाभार्थियों को उनका लाभ उठाने के लिए जागरूक किया गया।

कार्यक्रम में प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा (ECCE) के महत्व पर विशेष जोर दिया गया। अभिभावकों को बच्चों के शारीरिक, मानसिक, सामाजिक और बौद्धिक विकास के लिए अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराने की जानकारी दी गई। साथ ही खेल-खेल में सीखने, भाषा एवं संवाद कौशल विकसित करने और रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से बच्चों की जिज्ञासा बढ़ाने पर बल दिया गया।
इस अवसर पर आंगनवाड़ी केंद्रों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए ग्रामीणों से अपील की गई कि वे केंद्र की गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी निभाएं तथा बच्चों के पोषण, स्वास्थ्य और प्रारंभिक शिक्षा पर विशेष ध्यान दें।
कार्यक्रम में महिला पर्यवेक्षिका जूली कुमारी एवं पुष्पा कुमारी, संरक्षण पदाधिकारी (गैर-संस्थागत देखरेख) चंदा कुमारी, चाइल्ड हेल्पलाइन साहिबगंज के परियोजना समन्वयक मो. इकबाल, C3 के कार्यक्रम अधिकारी खालिद हाशमी, मंथन संस्था के सामाजिक कार्यकर्ता आंसू मलाकार सहित आंगनवाड़ी सेविका-सहायिका, किशोरियों और ग्रामीणों ने भाग लिया।

कार्यक्रम के माध्यम से संदेश दिया गया कि कुपोषण की रोकथाम, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य में सुधार तथा बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए परिवार, समाज और सरकारी संस्थाओं की सामूहिक भागीदारी जरूरी है। पोषण माह के समापन पर आयोजित यह पहल स्वस्थ मां, सुपोषित बच्चा और शिक्षित बचपन के लक्ष्य को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण रही।



