धान अधिप्राप्ति की तैयारियों को लेकर उपायुक्त ने दिए आवश्यक निर्देश।
1 अक्टूबर से शुरू होगा किसानों का पंजीकरण, गोदाम निर्माण की गुणवत्ता और राशन वितरण व्यवस्था की भी हुई समीक्षा।

साहिबगंज। जिला दंडाधिकारी-सह-उपायुक्त दीपक कुमार दूबे की अध्यक्षता में बुधवार को कार्यालय प्रकोष्ठ में आपूर्ति विभाग के अंतर्गत संचालित विभिन्न योजनाओं एवं कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में धान अधिप्राप्ति की तैयारियों, गोदाम निर्माण एवं मरम्मत, राशन कार्ड डिलीशन, खाद्यान्न वितरण तथा भंडारण क्षमता सहित विभागीय कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने आगामी 1 अक्टूबर से शुरू होने वाली धान अधिप्राप्ति प्रक्रिया की तैयारियों की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को किसानों के पंजीकरण की प्रक्रिया समयबद्ध एवं व्यवस्थित तरीके से शुरू कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि धान अधिप्राप्ति से जुड़ी सभी आवश्यक तैयारियां निर्धारित समय-सीमा में पूरी की जाएं, ताकि किसानों को पंजीकरण एवं धान बिक्री के दौरान किसी प्रकार की परेशानी न हो।

उपायुक्त ने अधिप्राप्ति प्रक्रिया की लगातार निगरानी करने तथा विभागीय अधिकारियों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने पर जोर दिया। साथ ही किसानों को योजना से संबंधित आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने और पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
बैठक में जिले के विभिन्न प्रखंडों में निर्माणाधीन 1000 मीट्रिक टन क्षमता वाले गोदामों की प्रखंडवार स्थिति की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने सभी प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों को निर्माण कार्य की नियमित निगरानी करने तथा गुणवत्ता के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं करने का निर्देश दिया।
उन्होंने साहिबगंज एवं राजमहल अनुमंडल पदाधिकारियों को निर्माणाधीन गोदामों की गुणवत्ता की जांच कर आगामी बैठक में जांच प्रतिवेदन प्रस्तुत करने को कहा। वहीं, पुराने गोदामों की मरम्मत के दौरान भी निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया गया।

उपायुक्त ने जिले में राशन कार्ड डिलीशन की अद्यतन स्थिति की भी समीक्षा की। उन्होंने प्रखंडवार किए गए कार्यों एवं लंबित मामलों की जानकारी लेते हुए शेष कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया।
उन्होंने कहा कि पात्र लाभुकों को समयबद्ध तरीके से राशन सुविधा का लाभ मिलना चाहिए। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी योग्य परिवार खाद्य सुरक्षा योजना के लाभ से वंचित न रहे। लाभुकों से संबंधित कार्यों में निर्धारित प्रक्रिया का पालन करते हुए पारदर्शिता बनाए रखने पर भी उन्होंने विशेष जोर दिया।
उपायुक्त ने जिले की भंडारण क्षमता, राशन वितरण व्यवस्था एवं निगरानी तंत्र को और मजबूत करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि खाद्यान्न के भंडारण से लेकर लाभुकों तक राशन पहुंचने की पूरी प्रक्रिया की नियमित निगरानी की जाए, ताकि वितरण व्यवस्था सुचारु एवं पारदर्शी बनी रहे।
उन्होंने सभी संबंधित पदाधिकारियों एवं कर्मियों को अपने दायित्वों का गंभीरता से निर्वहन करने तथा विभागीय कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही एवं तत्परता बनाए रखने का निर्देश दिया।

बैठक में अनुमंडल पदाधिकारी-सह-जिला आपूर्ति पदाधिकारी अमर जॉन आइन्द, सभी प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी, विभिन्न प्रखंडों के गोदाम प्रबंधक सहित संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे।



