बरहरवा के विभिन्न पूजा पंडालों का जिला कांग्रेस अध्यक्ष सह विधायक प्रतिनिधि ने किया दौरा।
शांति, सौहार्द और आपसी भाईचारे का दिया संदेश, पूजा समितियों से की मुलाकात।

बरहरवा साहिबगंज। पूर्व मंत्री आलमगीर आलम एवं विधायक निसात आलम के निर्देशानुसार रविवार को बरहरवा प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न दुर्गा पूजा पंडालों का दौरा किया गया। इस दौरान जिला कांग्रेस अध्यक्ष सह विधायक प्रतिनिधि बरकतुल्लाह खान एवं बरहरवा प्रखंड कांग्रेस अध्यक्ष रंजीत टुडू ने पूजा पंडालों में पहुंचकर पूजा समितियों के पदाधिकारियों, सदस्यों एवं श्रद्धालुओं से मुलाकात की और उन्हें दुर्गा पूजा की शुभकामनाएं दीं।
दौरे के दौरान कांग्रेस नेताओं ने पूजा पंडालों में श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए की गई व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने साफ-सफाई, पेयजल, बिजली, सुरक्षा सहित अन्य आवश्यक सुविधाओं की जानकारी ली तथा पूजा समितियों के सदस्यों के साथ शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में पूजा संपन्न कराने को लेकर चर्चा की।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष सह विधायक प्रतिनिधि बरकतुल्लाह खान ने कहा कि बरहरवा क्षेत्र हमेशा से आपसी प्रेम, भाईचारे और सामाजिक सौहार्द की मिसाल रहा है। यहां विभिन्न धर्मों एवं समुदायों के लोग मिल-जुलकर पर्व-त्योहार मनाते हैं, जिससे सामाजिक एकता और आपसी विश्वास मजबूत होता है। उन्होंने कहा कि त्योहार समाज में प्रेम, सद्भाव और एकजुटता का संदेश देते हैं। उन्होंने सभी पूजा समितियों को शुभकामनाएं देते हुए शांतिपूर्ण वातावरण में पूजा आयोजन करने की अपील की।

बरहरवा प्रखंड कांग्रेस अध्यक्ष रंजीत टुडू ने भी पूजा समितियों के पदाधिकारियों, सदस्यों एवं श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि त्योहारों के दौरान प्रशासन और पूजा समितियों के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े। उन्होंने सभी लोगों से आपसी सौहार्द बनाए रखने तथा शांति एवं भाईचारे के साथ पर्व मनाने की अपील की।
इस दौरान कांग्रेस नेताओं ने विभिन्न पूजा पंडालों में पूजा-अर्चना कर क्षेत्र की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। पूजा समितियों के सदस्यों, स्थानीय ग्रामीणों एवं श्रद्धालुओं ने उनका स्वागत किया।
इस अवसर पर हीरालाल साह सहित स्थानीय कांग्रेस कार्यकर्ता, विभिन्न पूजा समितियों के पदाधिकारी एवं सदस्य तथा बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।




