साहिबगंज महाविद्यालय में पीजी सेमेस्टर-4 के विद्यार्थियों की लघु शोध-प्रबंध मौखिक परीक्षा संपन्न।
159 परीक्षार्थियों ने लिया भाग, बाह्य परीक्षकों ने शोध विषय, पद्धति एवं निष्कर्षों पर विद्यार्थियों से पूछे प्रश्न।

साहिबगंज। सिदो कान्हू मुर्मू विश्वविद्यालय, दुमका के परीक्षा नियंत्रक द्वारा जारी पत्र के आलोक में साहिबगंज महाविद्यालय के हिंदी विभाग में पीजी सेमेस्टर-4 के छात्र-छात्राओं की लघु शोध-प्रबंध मौखिक परीक्षा (वाइवा) आयोजित की गई। पीजी उपाधि की आंशिक पूर्ति के लिए आयोजित इस परीक्षा में हिंदी विभाग के कुल 159 परीक्षार्थियों ने भाग लिया।
मौखिक परीक्षा के दौरान विद्यार्थियों ने अपने-अपने लघु शोध-प्रबंध के विषय, शोध की प्रक्रिया, अध्ययन की पद्धति एवं प्राप्त निष्कर्षों के संबंध में बाह्य परीक्षकों के समक्ष विस्तार से जानकारी प्रस्तुत की। परीक्षकों ने विद्यार्थियों से शोध विषय की उपयोगिता, शोध पद्धति, संदर्भ सामग्री तथा निष्कर्षों से संबंधित प्रश्न पूछकर उनकी अकादमिक समझ का मूल्यांकन किया।

परीक्षा में बाह्य परीक्षक के रूप में साहिबगंज महाविद्यालय के पूर्व छात्र एवं सिदो कान्हू मुर्मू विश्वविद्यालय, दुमका के पूर्व कुलसचिव, पूर्व वित्त पदाधिकारी तथा पूर्व छात्र कल्याण अधिष्ठाता और वर्तमान हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. विनय कुमार सिन्हा उपस्थित रहे। उनके साथ संथाल परगना महाविद्यालय, दुमका के हिंदी विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. यदुवंश ने भी बाह्य परीक्षक के रूप में विद्यार्थियों के शोध कार्यों का मूल्यांकन किया।
मौखिक परीक्षा के अवसर पर साहिबगंज महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. रंजीत कुमार सिंह एवं हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. सोनू कुमार साहू सहित विभाग के अन्य प्राध्यापकों ने बाह्य परीक्षकों का स्वागत किया। इस दौरान अतिथियों को अंगवस्त्र एवं पौधा भेंट कर सम्मानित किया गया। पौधा भेंट कर महाविद्यालय की ओर से पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया गया।
प्राचार्य डॉ. रंजीत कुमार सिंह ने सभी परीक्षार्थियों को पीजी पाठ्यक्रम के अंतिम चरण को सफलतापूर्वक पूरा करने के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि लघु शोध-प्रबंध विद्यार्थियों में शोधपरक दृष्टिकोण विकसित करने के साथ-साथ विषय की गहन समझ, तथ्यों के विश्लेषण और तार्किक निष्कर्ष तक पहुंचने की क्षमता को मजबूत करता है।

उन्होंने विद्यार्थियों को शोध के प्रति गंभीरता बनाए रखने तथा उच्च शिक्षा एवं शोध के क्षेत्र में निरंतर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
परीक्षा के दौरान हिंदी विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. प्रसेनजीत दास, डॉ. प्रिया सिंह, डॉ. अनु सुमन बाड़ा एवं डॉ. रीना कुमारी उपस्थित रहीं। विभागाध्यक्ष डॉ. सोनू कुमार साहू के मार्गदर्शन में मौखिक परीक्षा की पूरी प्रक्रिया व्यवस्थित एवं सुचारु रूप से संपन्न हुई।
परीक्षा के सफल आयोजन में विभागीय प्राध्यापकों एवं महाविद्यालय के कर्मचारियों का महत्वपूर्ण सहयोग रहा। विद्यार्थियों के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गईं, जिससे परीक्षा शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित वातावरण में संपन्न हुई।
इस मौखिक परीक्षा के माध्यम से विद्यार्थियों के शोध कार्य, विषयगत समझ एवं अकादमिक क्षमता का मूल्यांकन किया गया। साथ ही विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा एवं शोध के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया गया।




