उपायुक्त की अध्यक्षता में जिला समन्वय समिति की बैठक आयोजित।
विकास योजनाओं की प्रगति की हुई समीक्षा, लंबित मामलों के त्वरित निष्पादन और विभागीय समन्वय मजबूत करने का निर्देश।

पाकुड़।समाहरणालय सभागार में उपायुक्त मेघा भारद्वाज की अध्यक्षता में जिला समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों द्वारा संचालित विकास एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति, विभागीय समन्वय, लंबित मामलों के निष्पादन तथा विकास कार्यों के प्रभावी क्रियान्वयन की समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने सभी विभागीय पदाधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने तथा सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र लाभुकों तक समय पर पहुंचाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि बेहतर विभागीय समन्वय से विकास कार्यों में तेजी लाने के साथ आम जनता की समस्याओं का प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जा सकता है।

उपायुक्त ने विभागवार योजनाओं की समीक्षा करते हुए कार्यों के क्रियान्वयन में आ रही बाधाओं को चिह्नित कर उनका त्वरित समाधान करने पर जोर दिया। उन्होंने सभी लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निष्पादित करने तथा निर्धारित समय-सीमा के भीतर विकास योजनाओं को पूरा करने का निर्देश दिया। साथ ही, योजनाओं की नियमित समीक्षा एवं निगरानी सुनिश्चित करने को कहा।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जनहित से जुड़े मामलों के निष्पादन में किसी भी प्रकार की अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी पदाधिकारी अपनी जिम्मेदारियों का गंभीरतापूर्वक निर्वहन करें तथा कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही और समयबद्धता बनाए रखें। उन्होंने प्रशासनिक कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी एवं जनोन्मुखी बनाने के लिए सभी विभागों के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करने पर भी बल दिया।
बैठक में विकास योजनाओं की नियमित निगरानी, लंबित मामलों के त्वरित निष्पादन, विभागीय समस्याओं के समाधान तथा प्रशासनिक व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने से संबंधित विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की गई।

बैठक में उप विकास आयुक्त, परियोजना निदेशक, आईटीडीए, अपर समाहर्ता, अनुमंडल पदाधिकारी, सिविल सर्जन, जिला परिवहन पदाधिकारी, जिला आपूर्ति पदाधिकारी, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, जिला पंचायत राज पदाधिकारी सहित अन्य जिला स्तरीय पदाधिकारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचल अधिकारी, तकनीकी विभागों के पदाधिकारी एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।



