पोखरिया पहाड़ में लगा विशेष जनता दरबार: सड़क, पानी, बिजली और रोजगार पर प्रशासन का बड़ा फोकस।
उपायुक्त हेमंत सती ने 36 परिवारों की समस्याएं सुनीं, हर घर पानी-बिजली और सड़क निर्माण का लक्ष्य तय।

साहिबगंज जिले के सुदूरवर्ती और दुर्गम क्षेत्र पोखरिया पहाड़ में जिला प्रशासन ने विकास की नई पहल करते हुए विशेष जनता दरबार का आयोजन किया। उपायुक्त हेमंत सती की अध्यक्षता में आयोजित इस जनता दरबार में प्रशासनिक टीम सीधे ग्रामीणों के बीच पहुंची और उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना।
इस दौरान अनुमंडल पदाधिकारी अमर जॉन आईन्द, पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के कार्यपालक अभियंता, प्रखंड विकास पदाधिकारी बोरियो सहित कई विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य दूरस्थ क्षेत्रों में प्रशासन की सीधी पहुंच सुनिश्चित करना और समस्याओं का त्वरित समाधान करना था।

कार्यक्रम की शुरुआत उपायुक्त द्वारा पोखरिया पहाड़ में रहने वाले 36 परिवारों के घर-घर जाकर हालात जानने से हुई। उन्होंने ग्रामीणों से बातचीत कर सड़क, पेयजल, बिजली, शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं की विस्तृत जानकारी ली। ग्रामीणों ने खुलकर अपनी परेशानियां रखीं।
उपायुक्त ने बताया कि गांव तक पहुंचने वाला करीब 8 किलोमीटर लंबा रास्ता जर्जर स्थिति में है। इसके निर्माण के लिए जल्द ही प्राक्कलन तैयार कर संबंधित विभाग को भेजा जाएगा। वित्तीय वर्ष 2026-27 में सड़क निर्माण की स्वीकृति मिलने की संभावना जताई गई है।

पेयजल समस्या को प्राथमिकता देते हुए प्रशासन ने पोखरिया के पास स्थित प्राकृतिक झरने से जल आपूर्ति की योजना बनाई है। इसके तहत जल टंकी का निर्माण कर हर घर तक नल से पानी पहुंचाया जाएगा। अप्रैल तक सभी घरों में पानी उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है।
बिजली सुविधा को लेकर उपायुक्त ने ‘मूजी (Muji) योजना’ के तहत सभी 36 घरों को बिजली कनेक्शन देने की घोषणा की। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि अप्रैल के अंत तक यह कार्य पूरा किया जाए।
उत्क्रमित मध्य विद्यालय पोखरिया के निरीक्षण के दौरान भवन की जर्जर स्थिति पर चिंता जताई गई। उपायुक्त ने पुरानी इमारत को हटाकर नया भवन बनाने के निर्देश दिए। साथ ही शौचालय और किचन शेड का निर्माण भी कराया जाएगा।

उपायुक्त ने बताया कि सभी पात्र ग्रामीणों को पीवीटीजी पेंशन दी जा रही है। साथ ही आयुष्मान भारत योजना के तहत आयुष्मान कार्ड उपलब्ध कराए जाएंगे, जिससे ग्रामीणों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।
झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (JSLPS) और कौशल विकास विभाग के माध्यम से युवाओं को विभिन्न ट्रेड में प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण के बाद उन्हें रोजगार से जोड़ने की योजना है। इसके लिए युवाओं का बायोडाटा और आधार कार्ड संग्रह किया जा रहा है।
महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए लघु कुटीर उद्योग विभाग द्वारा बांस, शिल्प और हस्तशिल्प का प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे महिलाएं आत्मनिर्भर बन सकें।

जनता दरबार में विभिन्न विभागों के स्टॉल लगाए गए, जहां जन्म प्रमाण पत्र, बिरसा हरित ग्राम योजना, राजस्व, कृषि, शिक्षा, पलाश (JSLPS), आयुष्मान भारत और मनरेगा जॉब कार्ड से जुड़ी सेवाएं उपलब्ध कराई गईं। ग्रामीणों ने इनका लाभ उठाया।
कार्यक्रम के अंत में उपायुक्त हेमंत सती ने कहा, हमारा लक्ष्य है कि हर ग्रामीण तक बुनियादी सुविधाएं समय पर पहुंचे। जिला प्रशासन आपके साथ है और हर संभव सहायता के लिए प्रतिबद्ध है।”
पोखरिया पहाड़ में आयोजित यह जनता दरबार न केवल समस्याओं के समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ, बल्कि क्षेत्र के समग्र विकास का स्पष्ट रोडमैप भी तैयार किया गया।




