पीएम श्री मध्य विद्यालय नया बाजार में कंप्यूटर लैब भवन निर्माण पर उठे सवाल, बिना सूचना पट्ट के चल रहा कार्य।
नगर पंचायत अध्यक्ष केताबुद्दीन शेख व उपाध्यक्ष सह विधायक प्रतिनिधि मो. मारूफ उर्फ गुड्डू ने जताई कड़ी नाराज़गी, गुणवत्ता व पारदर्शिता पर उठे गंभीर सवाल।

राजमहल साहिबगंज। राजमहल स्थित पीएम श्री मध्य विद्यालय नया बाजार में निर्माणाधीन कंप्यूटर लैब भवन के कार्य को लेकर कथित अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं। नगर पंचायत अध्यक्ष केताबुद्दीन शेख तथा उपाध्यक्ष सह विधायक प्रतिनिधि मो. मारूफ उर्फ गुड्डू ने सोमवार को निर्माण स्थल का निरीक्षण किया और कई गंभीर कमियों पर कड़ी नाराज़गी व्यक्त की।
निरीक्षण के दौरान जनप्रतिनिधियों ने पाया कि निर्माण स्थल पर किसी भी प्रकार का सूचना पट्ट (इन्फॉर्मेशन बोर्ड) नहीं लगाया गया है। इससे यह स्पष्ट नहीं हो पा रहा है कि यह निर्माण कार्य किस योजना के अंतर्गत कराया जा रहा है, निर्माण एजेंसी कौन है तथा इसकी कुल लागत कितनी है। जनप्रतिनिधियों ने इसे गंभीर लापरवाही बताते हुए कहा कि सार्वजनिक संस्थानों में होने वाले सभी निर्माण कार्यों में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सूचना पट्ट लगाना अनिवार्य होता है।
अध्यक्ष केताबुद्दीन शेख और उपाध्यक्ष मो. मारूफ उर्फ गुड्डू ने कहा कि यह भवन विद्यालय के छात्रों के लिए कंप्यूटर लैब के रूप में उपयोग किया जाएगा। ऐसे में निर्माण कार्य की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ के समान है। उन्होंने आरोप लगाया कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर कई प्रकार की अनियमितताएं सामने आ रही हैं और पूरे मामले में लीपापोती की आशंका भी जताई जा रही है।

मामले की गंभीरता तब और बढ़ गई जब इस संबंध में प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी (BEEO) तथा विद्यालय के प्रधानाध्यापक से जानकारी ली गई। दोनों ने स्पष्ट रूप से कहा कि उन्हें इस निर्माण कार्य के संबंध में कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है। इससे निर्माण कार्य की प्रक्रिया और प्रशासनिक पारदर्शिता पर और भी प्रश्नचिह्न खड़े हो गए हैं।
जनप्रतिनिधियों ने यह भी कहा कि निर्माण कार्य कर रही एजेंसी द्वारा भी स्थल पर कोई सूचना पट्ट नहीं लगाया गया है, जो नियमों के विरुद्ध है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की जाएगी तथा संबंधित अभियंता और निर्माण एजेंसी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के लिए पत्राचार किया जाएगा।
अध्यक्ष और उपाध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि यदि जांच में निर्माण कार्य में अनियमितता या गुणवत्ता में कमी पाई जाती है, तो दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि बच्चों को बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की प्राथमिक जिम्मेदारी है, और इस दिशा में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।




