राजमहल में मनरेगा कर्मियों की तीन दिवसीय सांकेतिक हड़ताल शुरू, नियमितीकरण व बकाया मानदेय भुगतान की उठाई मांग।
प्रखंड अध्यक्ष मनोज यादव के नेतृत्व में धरना-प्रदर्शन, सामाजिक सुरक्षा व समान वेतन संरचना लागू करने की मांग; चेतावनी—मांगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन होगा तेज।

राजमहल साहिबगंज। राजमहल प्रखंड कार्यालय परिसर में सोमवार को मनरेगा कर्मियों ने अपनी विभिन्न लंबित मांगों को लेकर तीन दिवसीय सांकेतिक हड़ताल की शुरुआत की। हड़ताल के पहले दिन मनरेगा कर्मियों ने प्रखंड अध्यक्ष मनोज यादव के नेतृत्व में धरना-प्रदर्शन किया और सरकार से जल्द से जल्द उनकी मांगों को पूरा करने की मांग की।
धरना कार्यक्रम में प्रखंड क्षेत्र में कार्यरत सभी मनरेगा पदाधिकारी एवं कर्मी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। इस दौरान कर्मचारियों ने कहा कि वे लंबे समय से अपनी समस्याओं को लेकर सरकार और संबंधित विभाग का ध्यान आकर्षित करते आ रहे हैं, लेकिन अब तक उनकी समस्याओं के समाधान के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। ऐसे में मजबूर होकर उन्हें सांकेतिक हड़ताल का सहारा लेना पड़ा है।
मनरेगा कर्मियों ने सरकार से नियमितीकरण के लिए स्पष्ट और पारदर्शी नीति बनाने की मांग की। इसके साथ ही राज्य मनरेगा कोषांग में कार्यरत पदाधिकारियों के समरूप वेतन संरचना (ग्रेड पे) लागू करने की भी मांग उठाई। कर्मचारियों का कहना है कि समान कार्य करने के बावजूद उन्हें उचित वेतनमान नहीं मिल रहा है, जिससे उनके समक्ष आर्थिक समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं।
धरना के दौरान कर्मियों ने सामाजिक सुरक्षा के तहत स्वास्थ्य बीमा, पेंशन तथा मृत्यु मुआवजा जैसी सुविधाएं प्रदान करने की मांग भी रखी। उन्होंने कहा कि मनरेगा के तहत वर्षों से कार्य करने के बावजूद उन्हें किसी प्रकार की स्थायी सामाजिक सुरक्षा का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
इसके अलावा कई महीनों से लंबित बकाया मानदेय के भुगतान का मुद्दा भी प्रमुख रूप से उठाया गया। कर्मचारियों ने मांग की कि बकाया मानदेय का अविलंब भुगतान किया जाए और आगे से मानदेय भुगतान की समयबद्ध एवं सुनिश्चित व्यवस्था बनाई जाए, ताकि कर्मियों को आर्थिक कठिनाइयों का सामना न करना पड़े।
कर्मियों ने यह भी मांग रखी कि मृत मनरेगा कर्मियों के आश्रितों को समुचित आर्थिक सहायता और अन्य लाभ उपलब्ध कराए जाएं। साथ ही अनावश्यक कार्यभार और अव्यावहारिक लक्ष्य निर्धारण पर रोक लगाने की भी मांग की गई।
मनरेगा कर्मियों ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।धरना कार्यक्रम में विनोद रूज, संध्या मंडल, बीना मरांडी, अखिलेश पंडित सहित कई मनरेगा कर्मी उपस्थित रहे।




