राजमहल अनुमंडल कार्यालय के समक्ष एक दिवसीय धरना, बड़ी संख्या में मजदूरों की भागीदारी।
14 सूत्री मांगों को लेकर प्रशासन को सौंपा ज्ञापन।

राजमहल साहिबगंज। जिले में झारखंड मजदूर संघ (प्रजातांत्रिक) जिला कमेटी के नेतृत्व में अनुमंडल कार्यालय के समक्ष एक दिवसीय जोरदार धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत आयोजित इस धरने में बड़ी संख्या में मजदूरों एवं स्थानीय नागरिकों ने भाग लिया और अपनी समस्याओं को मुखर रूप से प्रशासन के सामने रखा।
धरना के दौरान संघ के प्रतिनिधियों ने उपायुक्त, साहिबगंज के नाम एक विस्तृत ज्ञापन अनुमंडल पदाधिकारी, राजमहल के माध्यम से सौंपा। ज्ञापन में श्रमिकों से जुड़ी विभिन्न समस्याओं के समाधान हेतु तत्काल हस्तक्षेप एवं ठोस कार्रवाई की मांग की गई।
धरने में शामिल मजदूरों और संघ पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि श्रमिकों के अधिकारों का लगातार हनन हो रहा है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई, तो आंदोलन को और अधिक उग्र एवं व्यापक रूप दिया जाएगा।

धरना-प्रदर्शन के दौरान मजदूर संघ ने निम्नलिखित प्रमुख 14 सूत्री मांगें प्रशासन के समक्ष रखीं—
सभी कामगारों के लिए न्यूनतम वेतन की गारंटी सुनिश्चित की जाए
सभी मजदूरों को नियुक्ति पत्र उपलब्ध कराया जाए
12 घंटे के बजाय 8 घंटे कार्य प्रणाली लागू की जाए
आउटसोर्सिंग कंपनियों द्वारा शोषण एवं मनमानी चयन प्रक्रिया पर रोक लगे
बाकुडी क्षेत्र में सड़क निर्माण में बाधा की उच्चस्तरीय जांच हो
मनरेगा के तहत सभी मजदूरों को रोजगार उपलब्ध कराया जाए
नागेश्वर बाग विद्यालय परिसर में बंद चापाकल चालू कर खेल मैदान का निर्माण किया जाए
नागेश्वर मौजा के सरकारी तालाब का घाट एवं सौंदर्यीकरण कराया जाए
खेरवा पंचायत में पीसीसी सड़क का शीघ्र निर्माण कराया जाए
अबुआ आवास योजना के अधूरे कार्यों को जल्द पूरा किया जाए
भूमिहीनों को जमीन बंदोबस्ती कर लाभ दिया जाए
सैयद बाजार में जले ट्रांसफार्मर को शीघ्र बदला जाए
रसोई गैस की आपूर्ति में सुधार किया जाए
धार्मिक स्थल के पास संचालित अवैध शराब दुकान को बंद कराया जाए
धरना-प्रदर्शन की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष प्रीतम कुमार पीयूष ने की। इस अवसर पर केंद्र महामंत्री राजकुमार यादव, उपाध्यक्ष फूल कुमारी देवी रवि घोष, गणेश ठाकुर, मोहम्मद जावेद, अख्तर अंसार खान, इकरामुल अली, सुष्मिता कुमारी, जमुना देवी, दुर्योधन कुमार, सज्जाद अंसारी, फिरोज अंसारी, अब्दुल कयूम, मिथुन राजवंशी, मिथुन कुमार यादव, जय देवी, रेखा देवी, निखिल यादव, अर्जुन चौधरी, उद्रा हांसदा, शिवचरण मुर्मू सहित कई मजदूर उपस्थित रहे।

धरना के माध्यम से मजदूरों ने स्पष्ट संदेश दिया कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र सकारात्मक पहल नहीं की गई, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। यह प्रदर्शन न केवल मजदूरों की समस्याओं को उजागर करता है, बल्कि प्रशासन के लिए भी एक गंभीर संकेत है कि जमीनी स्तर पर जनसमस्याओं के समाधान में तेजी लाना अब अनिवार्य हो गया है।




