जल महोत्सव पखवाड़ा के तहत झिकरहटी पूर्वी पंचायत में विशेष ग्राम सभा आयोजित।
उपायुक्त मनीष कुमार ने जल संरक्षण, स्वच्छता और अपशिष्ट प्रबंधन को जन आंदोलन बनाने का किया आह्वान।

पाकुड़। जिला प्रशासन द्वारा संचालित ‘जल महोत्सव पखवाड़ा’ के अंतर्गत सोमवार को झिकरहटी पूर्वी पंचायत सचिवालय में विशेष ग्राम सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि उपायुक्त मनीष कुमार ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर उन्होंने ग्रामीणों को जल संरक्षण, स्वच्छता तथा अपशिष्ट प्रबंधन के प्रति जागरूक करते हुए इसे जन आंदोलन का रूप देने की अपील की।
ग्राम सभा को संबोधित करते हुए उपायुक्त ने कहा कि जल जीवन का मूल आधार है, इसलिए आने वाली पीढ़ियों के लिए जल संसाधनों का संरक्षण हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि यदि अभी से जल संरक्षण के प्रति गंभीर प्रयास नहीं किए गए, तो भविष्य में जल संकट एक बड़ी समस्या बन सकता है। ऐसे में प्रत्येक व्यक्ति को जल की बर्बादी रोकने के लिए जागरूक होकर जिम्मेदारी निभानी होगी।
उपायुक्त ने ग्रामीणों से वर्षा जल संचयन (रेनवॉटर हार्वेस्टिंग) के पारंपरिक और आधुनिक दोनों तरीकों को अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि वर्षा के पानी का अधिकतम उपयोग और संरक्षण करने से गांवों में जल संकट की समस्या काफी हद तक दूर की जा सकती है। उन्होंने यह भी कहा कि छोटे-छोटे प्रयासों से भी गांवों में जल संरक्षण की बड़ी पहल संभव है।

इस दौरान उन्होंने पंचायत को मॉडल स्वच्छ पंचायत बनाने पर जोर देते हुए कहा कि सरकार द्वारा स्वच्छता के लिए बनाई गई संरचनाओं का नियमित और सही तरीके से उपयोग करना आवश्यक है। उन्होंने ग्रामीणों को नाडेप एवं सोक पिट के माध्यम से जैविक खाद निर्माण और गंदे पानी के समुचित निस्तारण की जानकारी दी। साथ ही उन्होंने प्लास्टिक वेस्ट बूथ और सेग्रेगेशन बिन के माध्यम से कचरे को अलग-अलग करने तथा भस्मक (इंसीनेरेटर) के उपयोग से स्वच्छता व्यवस्था को और बेहतर बनाने का सुझाव दिया।
कार्यक्रम के दौरान उपायुक्त ने “सेल्फी विथ क्लीन सोर्स” अभियान की भी शुरुआत की। उन्होंने युवाओं और ग्रामीणों से अपने गांव के कुएं, तालाब, चापाकल और अन्य पेयजल स्रोतों के आसपास सफाई अभियान चलाने तथा सफाई करते हुए अपनी तस्वीर प्रशासन को भेजने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि उत्कृष्ट कार्य करने वाले लोगों को प्रशासन द्वारा प्रोत्साहित किया जाएगा, जिससे लोगों में स्वच्छता के प्रति और अधिक उत्साह बढ़ेगा।
उपायुक्त ने कहा कि जब तक प्रत्येक नागरिक जल संरक्षण और स्वच्छता को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा नहीं बनाएगा, तब तक सतत विकास की परिकल्पना अधूरी रहेगी। उन्होंने ग्राम सभा में उपस्थित ग्रामीणों से जल की हर बूंद को बचाने और अपनी पंचायत को स्वच्छ, सुंदर तथा आदर्श पंचायत बनाने का सामूहिक संकल्प लेने का आह्वान किया।

इस अवसर पर पंचायत प्रतिनिधि, विभिन्न विभागों के पदाधिकारी, स्वच्छता कर्मी और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे। ग्राम सभा के दौरान जल संरक्षण और स्वच्छता से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा करते हुए ग्रामीणों को जागरूक किया गया।




